Tuesday, October 7, 2008
पापा के ऑफिस में झूला
आज पापा के ऑफिस में दुर्गाष्टमी की पूजा थी.... पापा हमें भी अपने साथ ऑफिस ले गए .....आपको पता है हमने वहां पूजा के बाद क्या-क्या किया? वहां ऑफिस के चैंबर में जो white board था उस पर हमने चूहा बनाया, और वहां बैठे सब बड़े-बड़े scientist अंकल को हमने vowels सिखाये। और हाँ, हम आज ऑफिस में खूब झूला भी झूले। आपको भी दिखाएँ ?
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5 comments:
अगली बार बन्दर भी बनाना!! मजा आयेगा...बहुत बढ़िया पोस्ट!!
वाह बेटा, बडे मजे है.. पापा तो वहां काम करते है और आप साहब झुला झुल रहे है...
मिसाइल कहा है.. हमें भी दिखा दो भाई..
हम भी अगर बच्चे होते। अच्छी पोस्ट।वर्ड वेरिफ़िकेशन का टैग हटा लें तो सुविधा होगी।
'hey, where is the मिसाइल han, so enjoying in dad's office great'
regards
तारीख चाहे थी सप्तम
ऑफिस में तो थी अष्टम .
माँ दुर्गा , माँ काली भवानी
अम्बे, महिषासुर - मर्दानी .
उनकी पूजा , जाना हमको,
पापा पहुंचे लेकर सबको.
चंचल , चपला रही भवानी
आख़िर हैं वो हमकी नानी.
हम रौ करते रखने नाम
मिले न रज़ में उनका काम .
ये तो छोटा सा ट्रेलर है
पूरी फिल्में घर पर ही है .
गर चाहो जो देखन उसको
पहुँचो, टॉफी देकर खसको .
वरना गले जो पड़ी शैतानी
बचा न पाए तुमको नानी .
Vibhu-Bhaiyya through their Princly Counsel viz. Prince Mamosa
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